Incident On Crime, Police Did Not Get Clue – वारदात पर वारदात, पुलिस के हाथ नहीं लगा सुराग

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वारदात पर वारदात, पुलिस के हाथ नहीं लगा सुराग
सिद्धार्थनगर। अपराधियों में जिले की पुलिस की हनक कमजोर पड़ती नजर आ रही है। वारदात पर वारदात हो रहे हैं, पर कानून का राज कायम करने का दावा करने वाली पुलिस अपराधियों की गिरफ्तारी तो दूर, उनका सुराग तक नहीं लगा पाई है। चाहे वह डुमरियागंज का स्कार्पियो लूटकांड हो या फिर नगर के हुसैनगंज में अस्पताल संचालिका महिला से चेन स्नेचिंग और स्वर्ण कारोबारी के पुत्र पर बदमाशों द्वारा पेचकस से हमला किए जाने की घटना।
इन घटनाओं में शुरुआती दौर में पुलिस की छानबीन तेज रही, लेकिन समय बीतने के साथ जांच की रफ्तार धीमी तो गई। इससे बदमाशों के हौसले बुंलद हो रहे हैं। वहीं लगातार हो रही घटनाओं से आम जनता में डर का माहौल है।
डुमरियागंज निवासी समीम खान से बाइक से आए तीन बदमाशों ने स्कार्पियो किराए पर बुक की। इसके बाद उसे कुछ दूर ले गए और फिर तमंचा सटाकर मारने की धमकी और चलती गाड़ी से फेंककर गाड़ी लेकर चले गए। उसमें पूर्व विधायक प्रेमप्रकाश उर्फ जिप्पी तिवारी को नाम लिया था। उन्होंने जान का खतरा बताते हुए सुरक्षा व्यवस्था की मांग की थी। सुरक्षा व्यवस्था तो उन्हें दे दी गई, लेकिन वारदात को अंजाम देने वाले बदमाशों को पकड़ने की बात तो दूर अब तक पुलिस उनका सुराग तक नहीं लगा सकी है।
सरेआम छीन लिया महिला का चेन
हुसैनगंज निवासी अस्पताल की संचालिका से दवा लेने के बहाने आए बदमाश ने मोबाइल में दवा की पर्ची दिखाते हुए चेन छीनकर बाइक पर बैठक चलता बने। शहर में हुई इस छिनैती में पुलिस बदमाशों की अब तक धर पकड़ नहीं कर पाई है। जबकि सीसीटीवी कैमरे में वारदात को अंजाम देने वाले कैद हैं।
चार बार हुआ विवाद, पुलिस अनजान
सिविल लाइंस निवासी स्वर्ण कारोबारी भीमचंद के पुत्र की 28 सितंबर की देर शाम बाइक सवार बदमाशों से भिड़त हो गई। लगभग आधे घंटे में चार बाद शहर के बीचो-बीच विवाद हुआ और आखिरी में पेचकस से हमला कर और गाड़ी का शीशी तोड़कर फरार हो गए। शहर में हुए इस वारदात से सनसनी फैल गई। व्यापरियों में आक्रोश है, लेकिन हमला करने वाले बदमाशों का पुलिस अब सुराग नहीं लगा पाई है।
घटनाओं का पर्दाफाश करने के लिए स्थानीय थाने की पुलिस टीम के अलावा एसओजी को लगाया गया है। मामले की छानबीन की जा रही है। जल्द ही पर्दाफाश किया जाएगा।
सुरेश चंद रावत, एएसपी

वारदात पर वारदात, पुलिस के हाथ नहीं लगा सुराग

सिद्धार्थनगर। अपराधियों में जिले की पुलिस की हनक कमजोर पड़ती नजर आ रही है। वारदात पर वारदात हो रहे हैं, पर कानून का राज कायम करने का दावा करने वाली पुलिस अपराधियों की गिरफ्तारी तो दूर, उनका सुराग तक नहीं लगा पाई है। चाहे वह डुमरियागंज का स्कार्पियो लूटकांड हो या फिर नगर के हुसैनगंज में अस्पताल संचालिका महिला से चेन स्नेचिंग और स्वर्ण कारोबारी के पुत्र पर बदमाशों द्वारा पेचकस से हमला किए जाने की घटना।

इन घटनाओं में शुरुआती दौर में पुलिस की छानबीन तेज रही, लेकिन समय बीतने के साथ जांच की रफ्तार धीमी तो गई। इससे बदमाशों के हौसले बुंलद हो रहे हैं। वहीं लगातार हो रही घटनाओं से आम जनता में डर का माहौल है।

डुमरियागंज निवासी समीम खान से बाइक से आए तीन बदमाशों ने स्कार्पियो किराए पर बुक की। इसके बाद उसे कुछ दूर ले गए और फिर तमंचा सटाकर मारने की धमकी और चलती गाड़ी से फेंककर गाड़ी लेकर चले गए। उसमें पूर्व विधायक प्रेमप्रकाश उर्फ जिप्पी तिवारी को नाम लिया था। उन्होंने जान का खतरा बताते हुए सुरक्षा व्यवस्था की मांग की थी। सुरक्षा व्यवस्था तो उन्हें दे दी गई, लेकिन वारदात को अंजाम देने वाले बदमाशों को पकड़ने की बात तो दूर अब तक पुलिस उनका सुराग तक नहीं लगा सकी है।

सरेआम छीन लिया महिला का चेन

हुसैनगंज निवासी अस्पताल की संचालिका से दवा लेने के बहाने आए बदमाश ने मोबाइल में दवा की पर्ची दिखाते हुए चेन छीनकर बाइक पर बैठक चलता बने। शहर में हुई इस छिनैती में पुलिस बदमाशों की अब तक धर पकड़ नहीं कर पाई है। जबकि सीसीटीवी कैमरे में वारदात को अंजाम देने वाले कैद हैं।

चार बार हुआ विवाद, पुलिस अनजान

सिविल लाइंस निवासी स्वर्ण कारोबारी भीमचंद के पुत्र की 28 सितंबर की देर शाम बाइक सवार बदमाशों से भिड़त हो गई। लगभग आधे घंटे में चार बाद शहर के बीचो-बीच विवाद हुआ और आखिरी में पेचकस से हमला कर और गाड़ी का शीशी तोड़कर फरार हो गए। शहर में हुए इस वारदात से सनसनी फैल गई। व्यापरियों में आक्रोश है, लेकिन हमला करने वाले बदमाशों का पुलिस अब सुराग नहीं लगा पाई है।

घटनाओं का पर्दाफाश करने के लिए स्थानीय थाने की पुलिस टीम के अलावा एसओजी को लगाया गया है। मामले की छानबीन की जा रही है। जल्द ही पर्दाफाश किया जाएगा।

सुरेश चंद रावत, एएसपी