Religion Conversion UP ATS revels one more name who convert religion non muslim to muslim after mohd umar gautam

फतेहपुर, जेएनएन। Religion Conversion UP प्रदेश भर में चल रहे खतरनाक मतांतरण के खेल में जनपद से एक चौंका देने वाला खुलासा हुआ है। दरअसल, पुरमई गांव निवासी 35 वर्षीय विजय सोनकर रोजी-रोजगार की तलाश में दो वर्ष पहले हल्द्वानी गया था। वहां पर उसकी मुलाकात दूसरे मत के एक दोस्त से हो गई। उसने उसे गाड़ी चलाना सिखाया और दिल्ली में ड्राइवर की नौकरी दिला दी। बताते हैं कि उस दोस्त के जरिए कई इस्लामिक संगठनों के संपर्क में आने के बाद उसने मतांतरण कर लिया। जब वह घर लौटा तो पत्नी को जानकारी हुई। इस पर पत्नी ने पुलिस को तहरीर देकर जांच की मांग की। पुलिस ने विजय को हिरासत में लेकर जांच शुरू कर दी है। 

पत्नी के मुताबिक विजय सोनकर दो महीने पहले ही घर लौटा था। अक्सर वह दोपहर में कुछ देर के लिए घर से गायब हो जाता था। घर पर भी उसके क्रियाकलाप भिन्न रहने लगे। टोपी लगाकर बैठने, कुरान पढ़ने जैसी आदतों के लिए माता-पिता, पत्नी व बेटी टोकाटाकी करते तो वो झगड़ने लगता था। परेशान स्वजन ने नाते-रिश्तेदारों को बताया। दो दिन पहले ही घर पर कई रिश्तेदार आए, तब विजय मौजूद नहीं था। रिश्तेदार उसे खोजते हुए मस्जिद पहुंचे तो जिद पर अड़ा विजय अपने घर वालों को भी मतांतरण करने की सलाह देने लगा। पत्नी की शिकायत पर पुलिस उसको हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। थाना प्रभारी वीरेंद्र सिंह ने बताया कि विजय अपना परिवर्तित नाम नहीं बता रहा है। छानबीन के बाद मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।  

सांसद साध्वी बोलीं, मजहब की आड़ में मतांतरण बर्दाश्त नहीं: केंद्रीय ग्रामीण विकास राज्यमंत्री साध्वी निरंजन ज्योति ने कहा है कि वह किसी मजहब का विरोध नहीं करती हैं लेकिन उसकी आड़ में मतांतरण कतई बर्दाश्त नहीं करेंगी। शहर के एक स्कूल में केरल तक के बच्चे पढ़ते हैं, जबकि उनकी भाषा तक समझ में नहीं आती है। उमर इसी विद्यालय में जाता था, जिससे प्रतीत होता है कि ये स्कूल आंतकवादी गतिविधियों में संलिप्त है। इसकी मान्यता भी रद कर देनी चाहिए। 

शनिवार को नूरुलहुदा स्कूल की पूर्व शिक्षिका कल्पना सिंह के आवास पहुंचकर राज्यमंत्री ने उनका हाल जाना। शिक्षिका ने उन्हें बताया कि उसके व स्वजन की जान को खतरा बना हुआ है, क्योंकि उन्होंने इसके पूर्व भी वहां की शिक्षा पद्धति पर सवाल उठाए थे। इस पर राज्यमंत्री ने पूर्व शिक्षिका को आश्वासन दिया कि उन्होंने राष्ट्रहित में काम किया है। उन्होंने फौरन डीएम से वार्ता कर कई चिह्नित स्थानों को बताया और कहा कि यहां की भी जांच कराई जाए। साथ में शिक्षिका की सुरक्षा के इंतजाम कराएं।